नागपुर
नागपुर में बीते सप्ताह दंगा भड़क गया था। इसमें एक दर्जन पुलिसकर्मी घायल हुए थे और करीब इतने ही नागरिक जख्मी हो गए थे। इस दौरान बड़ी संख्या में सड़कों पर खड़ी गाड़ियों को आग के हवाले कर दिया गया था, जबकि दुकानों पर भी तोड़फोड़ हुई थी। पुलिस का कहना है कि इस हिंसा का मास्टरमाइंड फहीम खान नाम का शख्स था, जिसके घर पर आज बुलडोजर चला है। नागपुर महानगरपालिका की टीम सुबह ही बुलडोजर लेकर फहीम खान के घर पर पहुंच गई। इस दौरान बड़े पैमाने पर सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया गया था। फहीम खान पेशे से बुर्का विक्रेता है। माना जा रहा है कि उसने कुछ वीडियो जारी किए थे और उत्तेजक बयान दिए थे, जिससे लोग भड़के और उन्होंने नागपुर शहर में उपद्रव काट दिया। फहीम खान को पुलिस ने बीते मंगलवार को ही अरेस्ट कर लिया था और उसे अदालत में पेश किया गया था।
फहीम खान समेत कुल 6 लोगों के खिलाफ पुलिस ने देशद्रोह का मुकदमा दर्ज किया था। फहीम खान माइनॉरिटी डेमोक्रेटिक पार्टी नाम के दल का शहर प्रमुख रहा है। वह कई बार पुलिस को लेकर भी आपत्तिजनक टिप्पणी करता रहा है। वह हिंदू पुलिस जैसी टिप्पणी करता रहा है। प्रशासन ने फहीम खान के घर के उस हिस्से को ढहाया है, जो अतिक्रमण करके बना था और अवैध पाया गया। इसके अलावा अन्य हिस्से के साथ कोई छेड़छाड़ नहीं की गई है। नागपुर के महल इलाके में यह हिंसा हुई थी, जहां राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का मुख्यालय भी स्थित है। आरएसएस का दफ्तर हिंसा वाले इलाके से थोड़ी ही दूर पर स्थित है।
नागपुर महानगरपालिका ने कुछ दिन पहले ही फहीम खान के परिवार को नोटिस भेजा था। इसमें पालिका ने बताया था कि कैसे उसका घर नियमों का उल्लंघन करके बना है। घर बनाने से पहले अथॉरिटी से नक्शा भी पास नहीं कराया गया था। नागपुर के यशोधरा नगर स्थित संजय बाग कॉलोनी में फहीम खान का घर है। बता दें कि फहीम खान अभी जेल में ही बंद है और इधर प्रशासन ने उसके घर पर बुलडोजर चलाया है।
किस अफवाह पर 17 मार्च को भड़का था नागपुर में दंगा
फहीम खान को 17 मार्च को हुई हिंसा का मास्टरमाइंड माना जा रहा है। यह हिंसा विश्व हिंदू परिषद के प्रदर्शन के दौरान हुई थी, जब मुस्लिम समाज के भी तमाम लोग प्रदर्शन के सामने आए गए थे। दरअसल अफवाह थी कि वीएचपी के प्रदर्शन के दौरान एक कपड़ा जलाया गया है, जिसमें कुरान की आयतें लिखी थीं। इसी अफवाह के चलते भड़के लोगों ने हमला बोला था।

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