अम्बिकापुर
जिले के जिला पंचायत सभाकक्ष में संभाग स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य राज्य की नवीन औद्योगिक विकास नीति 2024-30, रैम्प योजना तथा ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को लेकर जागरूकता और उद्योगपतियों से सीधा संवाद करना रहा।
उद्योग नीति पर विशेषज्ञों की विस्तृत प्रस्तुति
रायपुर से आए उपसंचालक, उद्योग श्री ऋतुराज ताम्रकार ने औद्योगिक विकास नीति 2024-30 पर विस्तार से जानकारी दी और उपस्थित प्रतिभागियों की शंकाओं का समाधान किया। वहीं, म्तदेज – ल्वनदह (म् – ल्) की टीम द्वारा रैम्प योजना के विभिन्न प्रावधानों एवं एमएसएमई उद्योगों को मिलने वाले लाभों की जानकारी दी गई।
अधिक निवेश के लिए उद्योगपतियों को किया गया प्रेरित
कार्यक्रम में उपस्थित अपर कलेक्टर श्री सुनील नायक ने राज्य सरकार की मंशा और उद्योगों के लिए लाए गए नवीन प्रावधानों पर प्रकाश डालते हुए उद्योगपतियों से अधिक से अधिक निवेश करने की अपील की। उन्होंने यह भी कहा कि एक सकारात्मक उद्योग इकोसिस्टम बनाने में सभी की भागीदारी आवश्यक है और ठत्।च् (ठनेपदमेे त्मवितउ ।बजपवद च्संद) के तहत सकारात्मक फीडबैक देने का भी आह्वान किया। इस संभागस्तरीय कार्यशाला से उद्योग जगत को राज्य की नीतियों की स्पष्ट जानकारी मिली है और इससे क्षेत्र में औद्योगिक विकास को नई गति मिलेगी ।इस अवसर पर अपर कलेक्टर श्री सुनील नायक, जिला पंचायत सीईओ श्री विनय कुमार अग्रवाल, सरगुजा लघु उद्योग संघ के अध्यक्ष श्री अरविन्द सिंघानियां, फेसिलिटेशन काउंसिल के सदस्य श्री कौन्तेय जायसवाल, एवं सरगुजा संभाग के सभी जिले सूरजपुर, जशपुर, बलरामपुर, कोरिया एवं मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर के जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्रों के महाप्रबंधकगण और सरगुजा संभाग में कार्यरत उद्योग जगत के प्रतिनिधियों के साथ-साथ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स (सीए) भी प्रतिभागी उपस्थित रहे।

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