भोपाल
राज्य सरकार महिलाओं के खिलाफ अत्याचार के मामले में जीरो टॉलरेंस की नीति अपना रही है। इसी तरह का एक मामला सामने आते ही प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई की। उमरिया जिले में शिक्षक द्वारा छात्राओं को छेड़ने का एक मामला सामने आया। इस मामले में पुलिस में एफआईआर दर्ज की गई है। आरोपी के खिलाफ कई अलग-अलग धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। एफआईआर दर्ज होने के बाद आरोपी शिक्षक को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। उसे मानपुर के विकास खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय अटैच किया गया है।
सुल्तानपुर गांव की महिला ने शासकीय प्राथमिक शाला के प्रभारी प्रधानाध्यापक विश्वनाथ पांडेय को शिकायत की थी कि सहायक शिक्षक कोमलचंद्र गुप्ता ने बच्चियों के साथ छेड़छाड़ की है। इस बात की जानकारी प्रभारी प्रधानाध्यापक विश्वनाथ पांडेय ने उमरिया के जिला शिक्षा केंद्र को दी। उसके बाद गठित की गई जांच टीम ने प्रधानाध्यापक, छात्राओं, उनके माता-पिता और ग्रामीणों की उपस्थिति में इसकी जांच की।
बताया जाता है कि मास्टर कोमलचंद गुप्ता के खिलाफ लगाए गए आरोपों को सही पाया गया। इसके बाद एफआईआर का अनुमोदन किया गया। महिला ने 29 अगस्त को पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है कि गांव के शासकीय प्राथमिक स्कूल के मास्टर कोमलचंद गुप्ता ने 22 अगस्त 2026 को उनकी 7 साल की बेटी और उसकी दो अन्य सहेलियों के साथ छेड़छाड़ की। मास्टर गुप्ता ने चॉकलेट देने के बहाने बच्चियों को गलत वीडियो दिखाए। महिला ने पुलिस को बताया कि मास्टर गुप्ता ने बच्चियों को किसी को बताने पर डंडे से मारने की भी धमकी दी थी।

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