भोपाल
अपर मुख्य सचिव वन श्री अशोक बर्णवाल ने कहा है कि वनों में बांस भिर्रा कटाई-सफाई का कार्य प्रतिवर्ष नियमित कराया जाये। लघुवनोपज आधारित प्रजातियों का पौधारोपण अधिक संख्या में हो। उन्होंने प्रसंस्करण केन्द्र में तैयार उत्पादों की गुणवत्ता और विपणन पर जोर देते हुए कहा कि विक्रय बढ़ाने के लिये समन्वित प्रयास किये जायें।
अपर मुख्य सचिव श्री बर्णवाल सोमवार को पन्ना में त्रिफला प्रसंस्करण केन्द्र आंवला उद्यान सकरिया में ग्राम वन समिति हीरापुर के सदस्यों की बैठक में शामिल हुए। बैठक में प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख श्री व्ही.एन. अम्बाड़े भी उपस्थित रहे। अपर मुख्य सचिव श्री बर्णवाल ने पन्ना में त्रिफला प्रसंस्करण केन्द्र में तैयार आंवला मुरब्बा, आंवला कैण्डी, आंवला सुपाड़ी, आंवला अचार का निरीक्षण किया। उन्होंने बीट गढ़ी पड़रिया के एन.पी.व्ही. कैम्पा मिश्रित रोपण (वर्ष 2024 रकवा 40 हेक्टे.), आर.डी.एफ. रोपण (वर्ष 2025 रकवा 50 हेक्टे.) और एन.पी.व्ही. कैम्पा मिश्रित रोपण (वर्ष 2021 रकवा 50 हेक्टे.) का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान वन संरक्षक श्री नरेश यादव, डीएफओ (उत्तर पन्ना) श्री गर्वित गंगवार, डीएफओ (साउथ पन्ना) श्री अनुपम शर्मा, आईएफएस प्रशिक्षु श्री अक्षत जैन उपस्थित रहे।

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