मॉस्को
राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के करीबी साथी और अभी रूस की सिक्योरिटी काउंसिल के डिप्टी चेयरमैन मेदवेदेव ने टेलीग्राम पर एक पोस्ट में अमेरिका पर निशाना साधते हुए कहा कि शांति बनाने वाले ने एक बार फिर अपना असली चेहरा दिखाया है। इजरायल और अमेरिका ने मिलकर शनिवार को ईरान के कई शहरों पर बड़े मिसाइल हमले किए। इसमें कई ईरानी नेता व कई सीनियर रिवोल्यूशनरी गार्ड्स कमांडर के मारे जाने की आशंका जताई गई है। ईरान पर हुए इस हमले से रूस भड़क गया है। रूस के पूर्व राष्ट्रपति और प्रेसिडेंट पुतिन के करीबी दिमित्री मेदवेदेव ने इन हमलों के लिए अमेरिका की कड़ी आलोचना की है और कहा है कि अमेरिका ने एक बार फिर से अपना असली चेहरा दिखा दिया है।
रूसी नेता और पूर्व राष्ट्रपति दिमित्री मेदवेदेव ने इस बात पर शक जताया कि क्या वॉशिंगटन ने अच्छी नीयत से लड़ाई टालने के लिए बातचीत शुरू की थी। राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के करीबी साथी और अभी रूस की सिक्योरिटी काउंसिल के डिप्टी चेयरमैन मेदवेदेव ने टेलीग्राम पर एक पोस्ट में कहा, “शांति बनाने वाले ने एक बार फिर अपना असली चेहरा दिखाया है। ईरान के साथ सारी बातचीत सिर्फ एक बहाना थी। इस पर कभी किसी को शक नहीं हुआ। किसी को भी किसी खास चीज पर बातचीत करने में कोई दिलचस्पी नहीं थी।”
वहीं, तेहरान में मॉस्को की एम्बेसी ने ईरान के प्रति 'अमेरिका और इजरायल के आक्रामक व्यवहार की निंदा की और रूसियों से कहा कि अगर हो सके तो वे इस्लामिक रिपब्लिक छोड़ दें। एम्बेसी ने एक बयान में कहा, "हम जोर देकर सलाह देते हैं कि अगर हो सके तो ईरान में रहने वाले रूसी नागरिक और उनके देश के लोग देश छोड़ दें।" साथ ही, जो लोग ईरान में रह रहे हैं उनसे सतर्क रहने और मिलिट्री और सरकारी जगहों के पास न जाने की अपील की जाती है।

More Stories
अमेरिकी ठिकानों पर ईरान का कहर, खाड़ी देशों में मचा हड़कंप
खाड़ी देशों में ईरान का हमला तेज, सऊदी-UAE-कतर में बसे भारतीयों पर क्या असर?
भारत को लेकर फिर उगला जहर, PAK क्रिकेटर का बड़बोलापन हुआ वायरल