गरियाबंद
जिले में समर्थन मूल्य पर खरीदी गई धान का उठाव बेहद धीमी गति से होने पर शासन ने सख्त कदम उठाए हैं। कुल 50.66 लाख क्विंटल धान में से अब तक केवल 29 लाख क्विंटल का ही उठाव हो सका है। खरीदी केंद्रों में तय बफर लिमिट से छह गुना ज्यादा धान जमा होने के कारण केंद्रों में जाम की स्थिति बनी हुई थी।
धान उठाव में देरी और केंद्रों में जमा अधिक मात्रा को लेकर समिति ने बार-बार पत्राचार कर अधिकारियों को चेताया। इस कार्रवाई के बाद कलेक्टर की नाराजगी भरे पत्र के बाद 18 फरवरी की देर रात आदेश जारी कर मार्कफेड DMO किशोर चंद्रा को पद से हटाकर कबीरधाम भेज दिया गया।

More Stories
जापान के प्रतिनिधिमंडल ने CM साय से की सौजन्य मुलाकात, तकनीकी सहयोग और निवेश पर हुई चर्चा
बाबू खेमानी पर बड़ी कार्रवाई: रेड में 5 महंगी कारें और करोड़ों की दौलत का खुलासा
दशकों का अंधेरा टूटा, अबूझमाड़ के ईरपानार गाँव में पहली बार पहुँची बिजली